कोटेदार ने डीएम से शिकायत कर पूर्ति निरीक्षक पर लगाया आरोप
ब्यूरो रिपोर्ट : राजन प्रजापति
रायबरेली। महराजगंज क्षेत्र के कैर गांव निवासी कोटेदार सुंदरलाल ने पूर्ति निरीक्षक मुकेश कुमार पांडेय पर गंभीर आरोप लगाते हुए जिलाधिकारी से शिकायत की है। कोटेदार ने आरोप लगाया है कि जांच के दौरान पूर्ति निरीक्षक ने उनसे रिश्वत की मांग की और रुपये नहीं देने पर उनके साथ आए लोगों ने मारपीट की। शिकायत में जातिसूचक गालियां देने तथा सादे कागज पर जबरन हस्ताक्षर कराने का भी आरोप लगाया गया है। कोटेदार सुंदरलाल के मुताबिक, 25 सितंबर की शाम पूर्ति निरीक्षक उनकी दुकान पर जांच के लिए पहुंचे थे। जांच के दौरान कथित गड़बड़ी मिलने पर ई-पॉस मशीन, वजन कांटा, 25 बोरी चावल, 16 बोरी गेहूं और 40 किलो चीनी जब्त कर ली गई। कोटेदार का आरोप है कि जांच के दौरान पूर्ति निरीक्षक ने उनसे 50 हजार रुपये की मांग की। रुपये देने से इनकार करने पर उनके साथ आए लोगों ने कथित रूप से मारपीट की और रिवाल्वर दिखाकर सादे कागज पर हस्ताक्षर करा लिए। सुंदरलाल का यह भी आरोप है कि इससे पहले वह दो बार 10-10 हजार रुपये दे चुके हैं।
►पूर्ति निरीक्षक ने आरोपों को बताया गलत
वहीं, पूर्ति निरीक्षक मुकेश कुमार पांडेय ने कोटेदार द्वारा लगाए गए आरोपों को गलत बताया है। उनका कहना है कि उनके स्तर से किसी प्रकार की रिश्वत की मांग नहीं की गई और न ही मारपीट अथवा धमकी देने जैसी कोई घटना हुई है। उन्होंने बताया कि उपजिलाधिकारी के निर्देश पर दुकान की जांच की गई थी। जांच के दौरान जो भी तथ्य सामने आए, उनके आधार पर आवश्यक कार्रवाई की गई तथा जांच की रिपोर्ट उच्चाधिकारियों को भेज दी गई है।
दर्जनों ग्रामीणों ने SDM महराजगंज से कोटेदार की शिकायत किया था और ग्रामीणों ने कोटेदार के ऊपर कई आरोप भी लगाया था जिसकी जाँच चल रही थी, ग्रामीण इस कोटेदार से संतुष्ट नहीं रहते है इनका व्यवहार क्षेत्र में चर्चा का विषय बना हुआ है। निष्पक्ष जाँच होने के बाद आखिर क्या मामला है उसकी सच्चाई सामने आ जाएगी।